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उत्तराखंड हिमालयन एमटीबी चैंलेंज रैली में ईरान के परवेज मरदानी एवं नेपाल की लक्ष्मी ने बाजी मारी।

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कपिल मलिक

मसूरी : चैथी उत्तराखंड हिमालयन एमटीबी चैलेंस साइकिलं दौड़ का समापन मसूरी के टिहरी बाईपास रोड लक्ष्मणपुरी में समापन हो गया। इस मौके पर बड़ी संख्या में स्कूली छात्र छात्राओं सहित शहर वासियों ने बाइकर्स का जोरदार स्वागत किया। सात दिवसीय रैली के अंतिम दिन पुरूष वर्ग में पहला स्थान ईरान के परवेज मरदानी ने एवं महिला वर्ग में नेपाली की लक्ष्मी मागर ने हासिल किया।

18 अप्रैल को नैनीताल से शुरू चैथी उत्तराखंड हिमालयन एमटीबी चैलेंज का समापन मसूरी के टिहरीबाई पास लक्ष्मणपुरी में हुआ। यहां पर प्रतिभाग करने वाले प्रतिभागियों के लिए फिनिंसिंग प्वाइंट बनाया गया था। इस साहसिक साइकिल दौड़ का पुरस्कार वितरण समारोह देहरादून में आयोजित किया जायेगा। लेकिन प्रतियोगिता के अंतिम दिन चिन्याली सौंड से मसूरी तक की 77किमी की दौड़ विश्व के ख्याति प्राप्त राइडर ईरान के परवेज मरदानी ने पहला स्थान हासिल किया दूसरे स्थान पर इंडोनेशिया के जाइनल फिनानी व तीसरे स्थान पर भी इंडोनेशिया के रफीका मोखामद फरीसी रहें। वहीं महिला वर्ग में नेपाल की लक्ष्मी मागर ने बाती मारी। जब कि भारतीय महिलाओं में पहले स्थान पर उत्तराखंड की पूनम राणा रही वहीं वह प्रतियोगिता में सातवें स्थान पर रही। समापन के मौके पर मौजूद साइकिलिंग फैडरेशन ऑफ इंडियां के निदेशक वीएन सिंह ने कहा कि यह साहसिक खेलों की प्रमुख प्रतियोगिता है। तथा प्रतियोगिता बहुत अच्छी तरह से संपन्न हो गई है। इस रेस को करने की बड़ी चुनौती थी कठिन दौड़ थी। इस प्रतियोगिता में 87 प्रतिभागियों ने भाग लिया व सभी सकुशल मसूरी पहुंच गये हैं। सभी में उत्साह था। इस प्रतियोगिता में विभिन्न आठ देशों के प्रतियोगी थे उसमें बारह महिला प्रतिभागी थी जिसमें तीन प्रतिभागी भारत की थीं बाकी विदेशों की थी। उत्तराखंड की पूनम राणा ने भारतीय महिला वर्ग में प्रथम स्थान हासिल किया। जिला पर्यटन अधिकारी किशन सिंह रावत ने कहा कि प्रतियोगिता में आठ विदेशी देशों ईरान, श्रीलंका, थाइलैंड, मलेशिया, इंडोनेशिया, नेपाल, जर्मनी, सिंगापुर सहित भारत के प्रतिभागियों ने प्रतिभाग किया। उन्होंने कहा कि उत्तराड़ प्र्यटन पर आधारित राज्य है जहां पर्यटन को बढ़ावा देने के लिए साहसिक प्र्यटन के लिए साहसिक खेलों को बढावा देने के लिए इस तरह के आयोजन किए जा रहे हैं। साइकिलिंग पर्यावरण के लिए बहुत अच्छा है प्रदूषण मुक्त ईवेंट हैं। इस दौड़ से भारत का नाम पूरी दुनिया में होगा व इससे पर्यटन को बढावा मिलेगा। उन्होंने कहा कि उत्तराखंड में ऐसी छोटी छोटी साइकिल रेस का आयोजन किया जाना चाहिए ताकि इससे रोजगार के अवसर भी मिलेंगे। समापन के मौके पर मैनेजर एडवेंचर टूरिज्म कुमाउं मंडल विकास निगम गिरधर मनराल ने कहा कि इस रैली का उददेश्य साहिसिक पर्यटन को बढ़ावा देना है। उन्होंने कहा कि 654किमी की इस साइकिंलिग रेस का सफलता पूर्वक समापन हो गया है। वहीं राइडर्स उत्साहित हैं उन्होंने टिहरी झील एवं चिन्याली सौंड़ में वाटर स्पोर्टस का भी जमकर आनंद लिया। इस मौके पर सीओ एएस रावत, कोतवाल भावना कैंथोला, सहित साइकिंलिंग फैडरेशन ऑफ इंडिया, कुमाउंमंडल विकास निगम, गढवाल मंडल विकास निगम के अधिकारियों सहित बड़ी संख्या में स्थानीय लोग भी मौजूद रहे। साइकिल प्रतियोगिता में भाग लेने वालों का स्वागत फिनिंशिंग प्वाइंट पर गुरूराम राय स्कूल के बच्चों ने भारतीय ध्वज लहराकर किया।

प्रतियोगिता में प्रथम आये विश्व साइकिलिंग विजेता ईरान के परवेज मरदानी ने कहा कि यह प्रतियोगिता उनके लिए नया अनुभव था। उत्तराखंड बहुत खूबसूरत है तथा उसी तरह यहां का साइकिलिंग रूट भी बहुत अच्छा व साहसिक है। यहां भाग लेकर बहुत कुछ सीखने को मिला। वहीं प्रतियोगिता के भारतीय वर्ग में दूसरे स्थान पर आने वाले भारतीय सेना के कमलेश राणा ने कहा कि इस प्रतियोगिता में देशी विदेशी राइडर के साथ बहुत सीखने को मिला। जहां तक रोड का सवाल है तो रोड ठीक है सरकार व पुलिस प्रशासन की ओर से बहुत ही सुरक्षित व्यवस्था की गई थी। दौड़ एडवेंचर से भरपूर थी लेकिन टेक्निकल कम रही। उन्होंने बताया कि वह हाल ही में सेना की ओर से साइकिलिंग प्रतियोगिता में भाग लेन फ्रांस गये थे वहां टेक्निकल अधिक है, यहां भी इस ओर ध्यान दिया जाना चाहिए। प्रतियोगिता की महिला वर्ग में प्रथम आई नेपाल की लक्ष्मी मागर ने कहा कि यह प्रतियोगिता एशिया की सबसे बड़ी प्रतियोगिता है। यहां का प्राकृतिक सौंदर्य बहुत भाया। लेकिन कहा कि साउथ ऐशिया में महिलाएं ऐसी प्रतियोगिता में घरों से बाहर नहीं निकलती। जो आती हैं वह टिक नहीं पाती। जबकि नार्थ में महिलाएं ऐसी प्रतियोगिताओं में प्रतिभाग करती है। महिलाओं में साहसिक खेलों के प्रति जागरूक करने की जरूरत है। इस प्रतियोगिता में बहुत कुछ सीखने को मिला। उन्होंने कहा कि पूरी प्रतियोगिता में रोड बहुत अच्छी थी वहीं प्रशासन व पुलिस की बहुत अच्छी व्यवस्था थी कहीं कोई परेशानी नहीं हुई।

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